गुरुवार, 23 मार्च 2017

सवाल-1

जो साथी दलगत राजनीति, जातीय या साम्प्रदायिक राजनीति अथवा तुच्छ स्वार्थों से ऊपर उठकर व्यापक सामाजिक-राष्ट्रीय हित में सोचकर विवेकपूर्ण और मर्यादित भाषा में अपने विचार रख सकें, उनका स्वागत है-
हमारे देश में ऊपर से नीचे तक जिस कदर भ्रष्टाचार व्याप्त है, इसे मिटाने के लिए किसी भी राजनीतिक दल में वैसी इच्छाशक्ति भी दिखाई नहीं देती है। यह भ्रष्टाचार विकास में सबसे बडा बाधक है और आम आदमी के लिए सबसे बडी परेशानी। यही कारण है कि अन्ना हजारे के आंदोलन को देशभर में इतना व्यापक समर्थन मिला, लेकिन नतीजा.....? देश में सख्त लोकपाल कानून व उसे तुरंत प्रभावशाली ढंग से लागू करने के लिए न कांग्रेस सरकार कुछ करपाई और न ही वर्तमान भाजपा सरकार में वैसी इच्छाशक्ति दिखाई दे रही है।

क्या फिर से एक बडे राष्ट्रव्यापी आंदोलन की आपको जरूरत लगती है?

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